In MQPoetry

Chandrayaan 2 |चंद्रयान-2| A poem for Chandrayaan-2 in hindi

निकलने को था तैयार बाहुबली पर सवार होकर
दुनिया में लोहा मनवाने,
हो गई थी उल्टी गिनती शुरू
सबको शौर्य दिखलाने
978 करोड़ी यह मिशन
था ले जाने को तैयार यह 3.8 टन वजन
यूँ बँटा था कुछ तीन हिस्सो में
प्रथम भाग था ऑर्बिटर
जो करता चंद्रमा का एक साल तक परिक्रमण
द्वितीय भाग था विक्रम लैंडर
जिसको उतरना था चंद्रमा पर
लेकर तृतीय भाग प्रज्ञान रोवर

Chandrayaan-2|चंद्रयान-2|A poem for Chanadrayaan-2 in hindi|Baahubali|#mudassarqureshi #ISRO


प्रज्ञान मतलव बुद्धि
इसी को करनी थी
14 दिनों में चंद्रमा केे दक्षिणी क्षेत्र पर पानी,खनिज आदि को खोज कर
प्राचीन आँकड़ों की शुद्धि
यूँ कुछ 56 मिनट 24 सेकंड पहले
आई बाहुबली में कुछ तकनीकी खामी
भरी इसरो ने यह हामी
सुनकर यह दुखद संदेश
देश को हुआ बहुत खेद
सबको लगा
हम नहीं बन पायेंगे
चंद्रमा के दक्षिणी क्षेत्र में
उतरने वाले प्रथम देश
उनको बताने
की हम है सफलता के दिवाने,
उनको समझाने
की हम है पलटवार करने वाले
उनको दिखाने
की हम है अटल इरादों वाले
आज नहीं तो कल
जरूर पहुँचेंगे चंद्रमा के दक्षिणी तल
इसरो से आया एक नया संदेश
22 जुलाई दोपहर 2 बजकर 43 मिनट पर
सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से
निकलेगा रॉकेट लेकर 'चंद्रयान 2' को
करने सवा सौ करोड़ की उम्मीदों को पूरा
फहरायेगा चंद्रमा पर तिरंगा तेरा


  ©Mudassar Qureshi

Related Articles

0 comments:

My Instagram